Tuesday, July 15, 2014

ऋतु गर्मी की आई (5)



लू सी जलती
ऋतु गर्मी की आई
धू धू करती
*
किरणें तीली
सूरज की माचिस
धरा सुलगी
*
सड़कें काली
तपती रेत जले
खुश्क हवाएँ
*
दम घुटता
धूल में घर डूबा
दीवारें रोतीं
*
रेतीला साया
दबी चहुँ दिशाएँ
घुटी हवाएँ

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